
भक्ति और आस्था के सागर में डूबा बिपतरा: भगवान श्री जगन्नाथ की भव्य रथयात्रा में उमड़ा जनसैलाब
कबीरधाम। जिले के ग्राम बिपतरा में प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी भगवान श्री जगन्नाथ जी की पावन रथयात्रा श्रद्धा, भक्ति और पारंपरिक उल्लास के साथ भव्य रूप से निकाली गई। रथयात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर भगवान श्री जगन्नाथ, बड़े भाई बलभद्र एवं बहन सुभद्रा के दर्शन किए तथा रथ खींचकर स्वयं को धन्य माना।

कार्यक्रम का शुभारंभ वैदिक मंत्रोच्चार एवं विधि-विधान से पूजा-अर्चना के साथ हुआ। इसके पश्चात भगवान श्री जगन्नाथ, बलभद्र और माता सुभद्रा के विग्रहों को आकर्षक ढंग से सुसज्जित भव्य रथों में विराजमान कर पूरे गांव में शोभायात्रा निकाली गई। जैसे ही प्रभु का रथ मुख्य मार्गों से होकर गुजरा, श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा और पूरा क्षेत्र “जय जगन्नाथ”, “बलभद्र की जय” तथा “सुभद्रा मैया की जय” के जयघोष से गुंजायमान हो उठा।
रथयात्रा मार्ग को रंग-बिरंगे फूलों एवं आकर्षक तोरण द्वारों से सजाया गया था। जगह-जगह श्रद्धालुओं ने भगवान की आरती उतारकर पुष्पवर्षा की तथा महाप्रसाद का वितरण किया। पूरे आयोजन के दौरान भक्तिमय वातावरण ने सभी श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक आनंद से सराबोर कर दिया।
इस पावन अवसर पर सोनलाल चंद्राकर, भानुप्रताप चंद्राकर, लालूराम चंद्राकर, सहदेव चंद्राकर, मदन चंद्राकर, व्यास चंद्राकर, सुमित चंद्राकर, पवन चंद्राकर, युधिष्ठिर चंद्राकर, गुलाब चंद्राकर, गोविंदा चंद्रवंशी, विक्की चंद्राकर, निखलेश्वर चंद्राकर सहित समस्त ग्रामवासी एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।
रथयात्रा का समापन भगवान श्री जगन्नाथ की महाआरती एवं सभी श्रद्धालुओं को महाप्रसाद वितरण के साथ श्रद्धा एवं उल्लासपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ। आयोजन समिति एवं ग्रामवासियों के सामूहिक सहयोग से यह धार्मिक आयोजन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ और पूरे क्षेत्र में भक्ति, एकता एवं सांस्कृतिक परंपरा का सुंदर संदेश दिया।



